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Fake WhatsApp Account Scam नगर आयुक्त के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट, गोरखपुर में साइबर ठगी की जांच शुरू

Fake WhatsApp Account Scam गोरखपुर नगर आयुक्त के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाकर मांगे रुपये, पुलिस जांच में जुटी

Fake WhatsApp Account Scam गोरखपुर में नगर आयुक्त के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाकर रुपये मांगने का मामला, पुलिस और साइबर सेल जांच में जुटी।

Fake WhatsApp Account Scam नगर आयुक्त के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट, गोरखपुर में साइबर ठगी की जांच शुरू
Fake WhatsApp Account Scam नगर आयुक्त के नाम से फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट, गोरखपुर में साइबर ठगी की जांच शुरू

गोरखपुर में साइबर ठगी का एक गंभीर मामला सामने आया है, जहां नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल के नाम और फोटो का इस्तेमाल कर फर्जी व्हाट्सएप अकाउंट बनाया गया और नगर निगम कर्मचारियों से रुपये मांगने की कोशिश की गई। Fake WhatsApp Account Scam के इस मामले ने प्रशासन को सतर्क कर दिया है,और कर्मचारियों को ऐसे संदेशों से सावधान रहने की अपील की गई है।

जानकारी के अनुसार, नगर निगम के एक कर्मचारी के मोबाइल पर एक अंजान अंतरराष्ट्रीय नंबर से व्हाट्सएप मैसेज आया। प्रोफाइल फोटो में नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल की तस्वीर लगी थी, जिससे यह मैसेज वास्तविक प्रतीत हुआ। संदेश में पहले सामान्य बातचीत की गई और फिर तत्काल जरूरी काम का हवाला देते हुए पैसे जमा कराने की बात कही गई, जो Fake WhatsApp Account Scam का सामान्य तरीका माना जाता है।

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कितनी रकम मांगी गई

पुलिस और नगर निगम की ओर से यह स्पष्ट किया गया है,कि ठग द्वारा कितनी राशि मांगी गई, इसकी सटीक जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है। हालांकि, मैसेज में “कुछ राशि” तत्काल एक निजी खाते में ट्रांसफर करने का दबाव बनाया गया था। कर्मचारी ने बिना भुगतान किए मामले की सूचना उच्चाधिकारियों को दे दी, जिससे Fake WhatsApp Account Scam को समय रहते रोका जा सका।

आरोपी कौन है

फिलहाल इस मामले में आरोपी की पहचान नहीं हो सकी है। प्राथमिक जांच में यह जरूर सामने आया है, कि जिस नंबर से मैसेज भेजा गया, वह वियतनाम (Vietnam) का बताया जा रहा है। इसी आधार पर पुलिस इसे अंतरराष्ट्रीय साइबर ठगी से जोड़कर देख रही है। आरोपी का नाम और लोकेशन की पुष्टि साइबर सेल की तकनीकी जांच के बाद ही हो सकेगी।

पुलिस ने क्या कार्रवाई की

नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल की शिकायत पर मामला पुलिस के संज्ञान में लाया गया है।

इस प्रकरण की जांच साइबर क्राइम सेल, गोरखपुर को सौंप दी गई है।

व्हाट्सएप नंबर, चैट और तकनीकी डिटेल्स को सर्विलांस पर लिया गया है।

पुलिस ने संबंधित नंबर को ट्रेस करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है।

पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आईटी एक्ट और साइबर फ्रॉड से जुड़ी धाराओं में केस दर्ज करने की तैयारी की जा रही है। हालांकि, जांच जारी होने के कारण अभी तक किसी आरोपी की गिरफ्तारी नहीं हुई है।

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पुलिस अधिकारियों का बयान

पुलिस सूत्रों के अनुसार, साइबर सेल के अधिकारी इस बात की जांच कर रहे हैं कि Fake WhatsApp Account Scam के जरिए पहले भी किसी कर्मचारी या व्यक्ति से ठगी की गई है या नहीं। नगर आयुक्त कार्यालय और पुलिस प्रशासन लगातार संपर्क में हैं।

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पहले भी हो चुकी है ऐसी कोशिश

यह कोई पहला मामला नहीं है। लगभग एक वर्ष पहले भी नगर आयुक्त के नाम से इसी तरह Fake WhatsApp Account Scam के जरिए पैसे मांगने का प्रयास किया गया था। उस समय भी कर्मचारियों की सतर्कता से कोई नुकसान नहीं हुआ था।

नगर आयुक्त की अपील

नगर आयुक्त गौरव सिंह सोगरवाल ने स्पष्ट कहा है,कि

उनके नाम से कोई भी पैसे से जुड़ा संदेश फर्जी है,

ऐसे मैसेज को तुरंत रिपोर्ट और ब्लॉक करें

बिना आधिकारिक पुष्टि किसी भी तरह का भुगतान न करें

उन्होंने कहा कि Fake WhatsApp Account Scam से बचाव के लिए सतर्कता ही सबसे बड़ा हथियार है।

साइबर ठगी से बचने की सलाह

विशेषज्ञों के अनुसार,

अंजान नंबर से आए मैसेज पर भरोसा न करें

प्रोफाइल फोटो देखकर निर्णय न लें

भुगतान से पहले फोन कॉल या आधिकारिक माध्यम से पुष्टि करें

इस घटना ने एक बार फिर साबित किया है कि Fake WhatsApp Account Scam अब सरकारी तंत्र को भी निशाना बना रहा है,और इससे बचाव के लिए निरंतर जागरूकता जरूरी है।

डिस्क्लेमर यह समाचार लेख आधिकारिक बयानों, प्रशासनिक जानकारी और प्राथमिक जांच पर आधारित है। जांच प्रक्रिया जारी है, इसलिए आरोपी, राशि और कानूनी कार्रवाई से संबंधित विवरणों में परिवर्तन संभव है। लेख का उद्देश्य केवल सूचना देना और जनजागरूकता बढ़ाना है।

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