Shikshamitra salary hike पिपरौली ब्लॉक के शिक्षामित्रों ने विधायक विपिन सिंह का सम्मान किया, कैशलेस सुविधा व मानदेय वृद्धि पर जताया आभार
Shikshamitra salary hike गोरखपुर के पिपरौली ब्लॉक के सैकड़ों शिक्षामित्रों ने गोरखपुर ग्रामीण विधायक विपिन सिंह का सम्मान किया। शिक्षक दिवस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा घोषित कैशलेस सुविधा और मानदेय वृद्धि को लेकर शिक्षामित्रों ने आभार जताया और शासनादेश जल्द जारी करने की मांग की।
गोरखपुर के पिपरौली ब्लॉक में तैनात सैकड़ों शिक्षामित्रों ने रविवार को एकजुट होकर गोरखपुर ग्रामीण विधानसभा के विधायक माननीय विपिन सिंह का सम्मान किया। यह सम्मान केवल एक औपचारिकता नहीं था, बल्कि शिक्षामित्रों के वर्षों पुराने संघर्ष, उम्मीदों और उनके जीवन को नई दिशा देने वाली घोषणा का उत्सव था।
इस सम्मान समारोह का आयोजन उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ के प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर किया गया। कार्यक्रम का संचालन वरिष्ठ जिला/मंडल उपाध्यक्ष अविनाश कुमार ने किया।
Shikshamitra salary hike शिक्षक दिवस पर ऐतिहासिक घोषणा
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कार्यक्रम की अध्यक्षता पिपरौली ब्लॉक अध्यक्ष रविंद्र कुमार चौधरी ने की। उन्होंने विधायक को संबोधित करते हुए कहा—
“माननीय विधायक जी, जब भी हम शिक्षामित्र आपसे मिले, आपने सदैव हमारी समस्याओं को गंभीरता से सुना और शासन-प्रशासन तक हमारी बात पहुंचाई। आपकी सक्रिय पहल का ही परिणाम है, कि 5 सितंबर 2025 को शिक्षक दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने शिक्षामित्रों को कैशलेस चिकित्सा सुविधा और मानदेय वृद्धि का बड़ा तोहफ़ा दिया। हम इस निर्णय का हृदय से स्वागत करते है
उन्होंने आगे निवेदन किया कि इस घोषणा को शासनादेश के रूप में जल्द से जल्द लागू कराया जाए ताकि शिक्षामित्रों को वास्तविक लाभ मिल सके।
विधायक का आश्वासन – “निश्चिंत रहिए, समाधान होगा”
शिक्षामित्रों की भावनाओं को समझते हुए विधायक विपिन सिंह ने सभी को भरोसा दिलाया। उन्होंने कहा
“मैं जल्द ही माननीय मुख्यमंत्री जी से मुलाकात करूंगा और शिक्षामित्रों के मुद्दों को प्राथमिकता से रखूंगा। कैशलेस सुविधा, मानदेय वृद्धि और ट्रांसफर का शासनादेश जल्द जारी कराने का हरसंभव प्रयास किया जाएगा। आप लोग निश्चिंत रहें, बहुत जल्द सकारात्मक परिणाम सामने आएंगे।”
Shikshamitra salary hike विधायक के इस आश्वासन से कार्यक्रम में मौजूद शिक्षामित्रों के चेहरों पर संतोष और उम्मीद की चमक साफ झलक रही थी।
Shikshamitra salary hike जिलाध्यक्ष का निवेदन
कार्यक्रम में मौजूद संगठन के जिलाध्यक्ष राम नगीना निषाद ने विधायक से आग्रह किया कि वे मुख्यमंत्री से मिलकर शिक्षामित्रों की समस्याओं का समाधान सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि—
“शिक्षामित्र वर्षों से असमंजस और असुरक्षा की स्थिति में काम कर रहे हैं। सरकार का हालिया निर्णय स्वागत योग्य है,लेकिन इसे शासनादेश के रूप में लागू कराना आवश्यक है। इस दिशा में विधायक जी का प्रयास शिक्षामित्रों के लिए ऐतिहासिक होगा।”
Shikshamitra salary hike कार्यक्रम में उमड़ी भारी भीड़
इस सम्मान समारोह में जिले और ब्लॉक के प्रमुख पदाधिकारी व कार्यकर्ता बड़ी संख्या में मौजूद रहे। हर कोई अपने मन की बात विधायक के सामने रखना चाहता था। उपस्थित लोगों में मुख्य रूप से ये नाम शामिल रहे:
राम नगीना निषाद – जिलाध्यक्ष
रविंद्र चौधरी – ब्लॉक अध्यक्ष पिपरौली
इंद्रेश भारती, राकेश साहनी, संतोष सिंह, श्रीराम मौर्य
परीक्षित उपाध्यक्ष, संतोष कुमार, रामशिला पासवान, अजय सिंह
अजय शर्मा, केदारनाथ, सविता राय, बेचन सिंह, लालधर निषाद
नंदू सिंह, राघवेंद्र कुमार पांडेय, रितु श्रीवास्तव, संजय पांडेय
शैलेश कुमार त्रिपाठी, जयकरन गुप्ता, राजेंद्र
सहित सैकड़ों शिक्षामित्र भाई-बहन मौजूद रहे।
Shikshamitra salary hike क्यों अहम है यह घोषणा?
शिक्षामित्र लंबे समय से स्थायीकरण, मानदेय वृद्धि, ट्रांसफर नीति और चिकित्सा सुविधाओं की मांग कर रहे थे। सीमित मानदेय और सुविधाओं के अभाव में उन्हें आर्थिक व सामाजिक कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा था।
कैशलेस चिकित्सा सुविधा से अब उन्हें इलाज के समय आर्थिक बोझ से राहत मिलेगी।
मानदेय वृद्धि से उनकी आजीविका की स्थिति मजबूत होगी।
ट्रांसफर नीति से शिक्षामित्रों को अपने गृह जनपद या पसंदीदा क्षेत्र में सेवा करने का अवसर मिलेगा।
इन सुधारों को शिक्षक दिवस पर घोषित किया जाना शिक्षामित्रों के संघर्ष और योगदान का सम्मान है।
Shikshamitra salary hike भावनाओं से भरा सम्मान समारोह
पूरे कार्यक्रम के दौरान माहौल भावनात्मक रहा। शिक्षामित्रों ने विधायक के प्रति आभार जताते हुए कहा कि यह निर्णय उनके जीवन में नई रोशनी लेकर आया है। कई शिक्षामित्रों ने निजी अनुभव साझा किए कि कैसे कम मानदेय और चिकित्सा सुविधाओं के अभाव में उनका परिवार कठिनाइयों से गुजर रहा था।
Shikshamitra salary hike संगठन की भूमिका
उत्तर प्रदेश प्राथमिक शिक्षामित्र संघ ने लगातार सरकार और प्रशासन तक अपनी बात पहुंचाई। प्रदेश और जिले के नेतृत्व ने शिक्षामित्रों की आवाज को बुलंद किया। इस आयोजन ने यह साबित कर दिया कि सामूहिक प्रयास और एकजुटता से असंभव लगने वाली राह भी आसान हो जाती है।
पिपरौली ब्लॉक में आयोजित यह सम्मान समारोह केवल एक आयोजन नहीं था, बल्कि शिक्षामित्रों की जीत और उम्मीदों का प्रतीक था। विधायक विपिन सिंह और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की पहल से अब शिक्षामित्रों का भविष्य सुरक्षित और उज्ज्वल होता दिख रहा है।
यह आयोजन आने वाले समय में शिक्षामित्रों के आंदोलन और संघर्ष को नई दिशा देगा। उम्मीद है,कि शासनादेश जारी होने के बाद शिक्षामित्रों की दशा में ठोस सुधार दिखाई देगा।