Amitabh Thakur Health Update देवरिया जेल से गोरखपुर होते हुए लखनऊ तक रेफर: पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर की बिगड़ी तबीयत, PGI में इलाज जारी; कोर्ट ने 21 जनवरी तक बढ़ाई रिमांड
Amitabh Thakur Health Update देवरिया जेल में बंद पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर को सीने में दर्द के बाद गोरखपुर से लखनऊ PGI रेफर किया गया। जमीन आवंटन मामले में कोर्ट ने उनकी न्यायिक हिरासत 21 जनवरी तक बढ़ाई।
देवरिया जमीन आवंटन मामले में न्यायिक हिरासत में बंद पूर्व आईपीएस अधिकारी अमिताभ ठाकुर की स्थिति लगातार गंभीर होती जा रही है। एक तरफ उनकी कानूनी मुश्किलें कम नहीं हो रही हैं, वहीं दूसरी ओर बिगड़ती सेहत ने प्रशासन और न्यायिक व्यवस्था दोनों के सामने चुनौती खड़ी कर दी है।
सीने में तेज दर्द की शिकायत के बाद उन्हें पहले गोरखपुर और फिर लखनऊ रेफर किया गया, जहां फिलहाल पीजीआई में उनका इलाज चल रहा है। यह पूरा घटनाक्रम अब प्रदेशभर में Amitabh Thakur Health Update के रूप में चर्चा का केंद्र बन गया है।
देवरिया जेल से शुरू हुआ मेडिकल इमरजेंसी का सिलसिला
मंगलवार रात देवरिया जेल में बंद अमिताभ ठाकुर को अचानक सीने में तेज दर्द हुआ। हालत बिगड़ने पर जेल प्रशासन ने उन्हें तत्काल महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज, देवरिया पहुंचाया।
प्राथमिक जांच में ECG रिपोर्ट असामान्य आने और हृदय संबंधी गंभीर खतरे की आशंका के चलते डॉक्टरों ने उन्हें गोरखपुर के बीआरडी मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया।
हालांकि BRD मेडिकल कॉलेज में भी उनकी स्थिति में संतोषजनक सुधार नहीं हुआ, जिसके बाद बुधवार शाम उन्हें बेहतर इलाज के लिए लखनऊ के संजय गांधी पोस्ट ग्रेजुएट इंस्टीट्यूट (PGI) भेज दिया गया।
यह घटनाक्रम Amitabh Thakur Health Update को और संवेदनशील बना देता है।
PGI के कार्डियोलॉजी विभाग में भर्ती, कड़ी निगरानी
लखनऊ PGI में पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर को कार्डियोलॉजी विभाग में भर्ती किया गया है। विशेषज्ञ डॉक्टरों की टीम उनकी जांच रिपोर्ट्स की गहन समीक्षा कर रही है।
सूत्रों के अनुसार उनकी हालत गंभीर जरूर है, लेकिन फिलहाल नियंत्रण में बताई जा रही है। हालांकि अभी तक अस्पताल प्रशासन की ओर से कोई विस्तृत मेडिकल बुलेटिन जारी नहीं किया गया है।
इस बीच Amitabh Thakur Health Update को लेकर परिवार और समर्थकों की चिंता भी बढ़ गई है।
कोर्ट का फैसला: 21 जनवरी तक बढ़ी न्यायिक हिरासत
स्वास्थ्य संकट के बीच देवरिया की CJM कोर्ट ने अमिताभ ठाकुर की न्यायिक रिमांड 21 जनवरी तक बढ़ाने का आदेश दिया है।
7 जनवरी को हुई सुनवाई के बाद कोर्ट ने यह स्पष्ट किया कि मामले की गंभीरता को देखते हुए फिलहाल न्यायिक हिरासत जारी रहेगी।
पुलिस ने उन्हें वर्ष 1999 के जमीन आवंटन मामले में पद के दुरुपयोग और कूटरचित दस्तावेज तैयार करने के आरोप में 9/10 दिसंबर की रात शाहजहांपुर से गिरफ्तार किया था।
यह कानूनी पहलू भी Amitabh Thakur Health Update के साथ लगातार सुर्खियों में बना हुआ है।
जमानत खारिज, अब जिला जज की अदालत से उम्मीद
मंगलवार को CJM कोर्ट ने अमिताभ ठाकुर की जमानत याचिका खारिज कर दी थी। उनके अधिवक्ता प्रवीण द्विवेदी के मुताबिक, कोर्ट में अभियोजन और बचाव पक्ष के बीच लंबी बहस हुई।
बहस के बाद कोर्ट ने जमानत याचिका को नामंजूर करते हुए रिमांड से जुड़ी याचिका पर फैसला सुरक्षित रखा, जिसे बुधवार को सुनाते हुए रिमांड 21 जनवरी तक बढ़ा दी गई।
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अब बचाव पक्ष 9 जनवरी को जिला जज की अदालत में नई जमानत अर्जी दाखिल करने की तैयारी कर रहा है।
इससे साफ है, कि Amitabh Thakur Health Update के साथ कानूनी लड़ाई भी निर्णायक मोड़ पर पहुंच रही है।
पुराना मामला, मौजूदा संकट
अमिताभ ठाकुर पर आरोप है, कि उन्होंने 1999 में देवरिया में एसपी रहते हुए अपनी पत्नी के नाम इंडस्ट्रियल एरिया में भूमि आवंटित कराई थी। शिकायत के अनुसार, इस प्रक्रिया में पद का दुरुपयोग और कथित तौर पर कूटरचित दस्तावेजों का इस्तेमाल किया गया।
इस पुराने मामले में वर्षों बाद हुई कार्रवाई को लेकर पहले से ही बहस चल रही है, और अब Amitabh Thakur Health Update ने इस केस को और संवेदनशील बना दिया है।
निष्कर्ष
पूर्व IPS अमिताभ ठाकुर का मामला अब सिर्फ एक कानूनी विवाद नहीं रह गया है। गंभीर स्वास्थ्य स्थिति, बढ़ी हुई न्यायिक हिरासत और आने वाली जमानत सुनवाई तीनों ने इसे मानवीय और न्यायिक दृष्टि से बेहद अहम बना दिया है।
आने वाले दिनों में PGI की मेडिकल रिपोर्ट और जिला जज की अदालत का फैसला इस मामले की दिशा तय करेगा।
फिलहाल, Amitabh Thakur Health Update उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी और संवेदनशील खबरों में शामिल है।
डिस्क्लेमर
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