Women Empowerment खोराबार थाना क्षेत्र के महिमाठ गांव में मिशन शक्ति फेज 5.0 के तहत बहू-बेटी सम्मेलन आयोजित हुआ। महिलाओं को सुरक्षा, कानून, हेल्पलाइन और Women Empowerment से जुड़ी महत्वपूर्ण जानकारी दी गई। अधिकारियों ने भावनात्मक संवादों के साथ जागरूकता का संदेश दिया।
मिशन शक्ति फेज 5.0 महिमाठ में बहू बेटी सम्मेलन, Women Empowerment का विश्वास जगाने वाला आयोजन
हर महिला के दिल में एक सपने की जगह होती है,सुरक्षित जीवन, सम्मान, आत्मनिर्भरता और प्यार से भरा वातावरण। इन्हीं भावनाओं को समझते हुए आज 16 नवंबर 2025 को थाना खोराबार की मिशन शक्ति टीम ने ग्राम महिमाठ में एक प्रेरक और दिल छू लेने वाला बहू–बेटी सम्मेलन आयोजित किया। उद्देश्य सिर्फ जागरूकता नहीं, बल्कि महिलाओं के भीतर वह हिम्मत जगाना था जो हर मुश्किल को मात दे सके।
महिलाओं की सुरक्षा विश्वास और हिम्मत का नया अध्याय
कार्यक्रम की शुरुआत एक सरल लेकिन दिल को छू लेने वाली बात से हुई “आप अकेली नहीं हैं, पूरा तंत्र आपके साथ खड़ा है।”इस सम्मेलन में ग्रामीण महिलाओं, बालिकाओं और छात्राओं को यह भरोसा दिलाया गया कि उनका हर कदम महत्वपूर्ण है। मिशन शक्ति टीम ने उन्हें समझाया कि Women Empowerment केवल नारा नहीं, बल्कि एक बदलाव की प्रक्रिया है,जिसमें हर महिला की भूमिका अहम है।
कार्यक्रम के दौरान उप निरीक्षक जयप्रकाश त्रिपाठी ने भावनात्मक अंदाज में कहा“हम चाहते हैं,कि कोई भी बहन डरकर नहीं, बल्कि विश्वास के साथ आगे बढ़े। कानून आपके साथ है, पुलिस आपके साथ है।”उनकी यह बात महिलाओं के चेहरे पर उम्मीद की मुस्कान ले आई।
कानूनी अधिकार जब जानकारी ही शक्ति बन जाती है
मिशन शक्ति टीम ने महिलाओं को उन कानूनों से अवगत कराया जो उनके सम्मान और गरिमा की रक्षा करते हैं। जानकारी सरल शब्दों में दी गई ताकि हर उम्र की महिला इसे आसानी से समझ सके। इस दौरान महिला उप निरीक्षक ज्योति तिवारी ने कहा“अगर कभी कोई आपको गलत समझे, या चोट पहुँचाए… तो याद रखिए, कानून आपके लिए बना है,और आपकी आवाज सुनने के लिए तैयार है।”
महिलाओं को बताया गया
घरेलू हिंसा से संरक्षण अधिनियम
दहेज प्रतिषेध अधिनियम
POSH Act
POCSO Act
बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम
बाल श्रम कानून
IPC में महिला सम्मान से जुड़े प्रावधान
इन सभी जानकारियों ने उन्हें भरोसा दिलाया कि सुरक्षा केवल शब्द नहीं, बल्कि उनकी शक्ति है।
हेल्पलाइन नंबर आपात स्थिति में सबसे पहले काम आने वाला सहारा
जल्दी मिल जाने वाली सहायता जीवन बचा सकती है। इसलिए कार्यक्रम में महिलाओं को उन सभी हेल्पलाइन नंबरों की जानकारी दी गई जो तुरंत मदद उपलब्ध कराते हैं।
1090 – Women Power Line
112 – Emergency Support
1076 – CM Helpline
1098 – Childline
181 – Women Helpline
1930 – Cyber Crime
102/108 – Ambulance
Women Empowerment इस दौरान महिला उप निरीक्षक श्रुति वर्मा ने एक महत्वपूर्ण बात कही“किसी भी खतरे की स्थिति में पहले डरिए मत, सीधे मदद के लिए फोन कीजिए। आपकी सुरक्षा हमारी जिम्मेदारी है।” पंपलेट वितरित किए गए ताकि महिलाएँ इन नंबरों को हमेशा याद रख सकें। इस चर्चा ने Safety Awareness को और मजबूत बनाया।
अधिकारियों का मानवीय संवाद सम्मेलन की आत्मा बना
Women Empowerment इस कार्यक्रम में शामिल पुलिस कर्मियों ने न सिर्फ जानकारी दी, बल्कि अपने अनुभव भी साझा किए, जिससे महिलाओं का भरोसा और बढ़ गया।
कांस्टेबल मनोज तिवारी ने कहा
“बहनों, आपकी आवाज में ताकत है। उसे दबने मत दीजिए। हम आपकी रक्षा के लिए हमेशा तैयार हैं।”
कांस्टेबल अमित सिंह ने कहा
“अगर कोई समस्या हो, छोटे से छोटा मुद्दा भी हो… सीधे बताइए। चुप रहकर सहना अब पुरानी बात है।”
इन मानवीय संवादों ने माहौल को भावनात्मक और भरोसेमंद बना दिया।
महिमाठ की महिलाओं में बढ़ा आत्मविश्वासWomen Empowerment की नई शुरुआत
Women Empowerment इस सम्मेलन का असर महिलाओं के चेहरों पर साफ दिखा। उनका आत्मविश्वास बढ़ा, कई ने सवाल पूछे, कई ने अपनी परेशानियाँ शेयर कीं, और कई ने कहा“अब डर नहीं लगता अब लगता है,कि हम भी आगे बढ़ सकते हैं।”
यह सिर्फ एक कार्यक्रम नहीं था, बल्कि गांव में Women Empowerment की नई शुरुआत थी। ऐसे आयोजन समाज में स्थायी बदलाव लाते हैं, और महिलाओं को समझाते हैं, कि वे समाज का सबसे मजबूत स्तंभ हैं।
Disclaimer: यह लेख जागरूकता और सूचना के उद्देश्य से तैयार किया गया है। इसमें किसी भी प्रकार की कानूनी सलाह या व्यक्तिगत टिप्पणी शामिल नहीं है। किसी समस्या की स्थिति में संबंधित विभाग या आधिकारिक स्रोत से सहायता लें।