Dalmundi Varanasi Rescue मुफ्ती-ए-शहर की भावुक अपील, राष्ट्रपति और पीएम तक भेजा संदेश
Dalmundi Varanasi Rescue की ऐतिहासिक पहचान और सांस्कृतिक धरोहर को बचाने के लिए मुफ्ती-ए-शहर ने एक बड़ा कदम उठाया है। उन्होंने President of India, Prime Minister of India और कई वरिष्ठ अधिकारियों को पत्र लिखकर Dalmundi Varanasi Rescue की मांग की है। यह पत्र सिर्फ एक अपील नहीं, बल्कि एक चेतावनी है कि अगर समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो बनारस की यह पुरानी बस्ती हमेशा के लिए खत्म हो सकती है।
Varanasi Dalmundi की अहमियत क्यों है खास?
Dalmundi Varanasi Rescue का नाम सदियों पुराना है। यहां की गलियां, पुरानी इमारतें और स्थानीय बाजार बनारस की तहजीब का आईना मानी जाती हैं। यह जगह धार्मिक, सांस्कृतिक और व्यापारिक गतिविधियों का केंद्र रही है। लेकिन अब तेज़ी से हो रहे urban development और रोड चौड़ीकरण योजनाओं ने Varanasi Dalmundi को संकट में डाल दिया है।

मुफ्ती-ए-शहर की पहल – Dalmundi Varanasi Rescue की पुकार
मुफ्ती-ए-शहर ने अपने पत्र में कहा कि:
“Dalmundi केवल एक बस्ती नहीं, बल्कि हमारी रूह है।”
“अगर इसे बचाने की ठोस कार्रवाई नहीं हुई, तो बनारस अपनी पहचान का बड़ा हिस्सा खो देगा।”
पत्र में मांग की गई है कि –
Dalmundi को heritage zone घोषित किया जाए
बचे हुए ऐतिहासिक ढांचों की सुरक्षा के लिए special task force बनाई जाए
राष्ट्रपति और पीएम इस मुद्दे को national priority मानकर हस्तक्षेप करें
खतरे की गंभीर तस्वीर (Negative Sentiment)
स्थानीय लोग घरों और दुकानों के टूटने से डरे हुए हैं।
पुरानी गलियों का charm खत्म होता जा रहा है।
कई परिवार पीढ़ियों से यहां रह रहे हैं, जिन्हें विस्थापन का डर सताता है।
लोगों का कहना है कि –
“हमारी विरासत को विकास के नाम पर मिटाया जा रहा है। यह सिर्फ जमीन नहीं, हमारी पहचान है।”
नई उम्मीद की किरण (Positive Sentiment)
मुफ्ती-ए-शहर की यह पहल लोगों के लिए उम्मीद की नई रोशनी लेकर आई है।
कई सामाजिक संगठनों ने Dalmundi Varanasi Rescue का समर्थन किया है।
स्थानीय युवाओं ने सोशल मीडिया पर #SaveDalmundi अभियान चलाया है।
बुजुर्गों का कहना है – “अगर हम सब एकजुट रहें, तो हमारी धरोहर जरूर बचेगी।”
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आगे का रोडमैप – Varanasi Dalmundi को बचाने की योजना
1️⃣ ऐतिहासिक धरोहर समिति का निर्माण किया जाए इतिहासकारो शहर के विशेषज्ञों स्थानीय आवाम की शामिल कर एक संयुक्त टीम बनाई जाए जो शहर की मूलभूत जरूरत के हिसाब से योजना का तैयार करें
🔹 2️⃣ कानूनी सुरक्षा की व्यवस्था – Dalmundi को विशेष heritage status देकर कानून के तहत उसकी रक्षा सुनिश्चित की जाए, ताकि बिना अनुमति कोई भी ढांचा तोड़ा या बदला न जा सके।
🔹 3️⃣ जनसहभागिता को बढ़ावा – वहां के व्यापारियों, परिवारों और युवा संगठनों को सीधे इस योजना से जोड़ा जाए, ताकि संरक्षण का काम केवल सरकारी नहीं, सामूहिक प्रयास बने।
🔹 4️⃣ वित्तीय सहायता और अनुदान – केंद्र और राज्य सरकार की मदद से अलग बजट तैयार किया जाए, जिसमें heritage conservation के लिए फंडिंग और अनुदान की स्पष्ट व्यवस्था हो।
Dalmundi Varanasi Rescue केवल एक स्थानीय विवाद नहीं, बल्कि आने वाली पीढ़ियों के लिए हमारी ऐतिहासिक धरोहर और बनारस की असली पहचान को सुरक्षित रखने की जंग है।
मुफ्ती-ए-शहर की यह पहल अब राष्ट्रीय स्तर पर चर्चा का विषय बन गई है। यदि राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री समय रहते ठोस कदम उठाते हैं, तो काशी अपने इस प्राचीन विरासत स्थल को भविष्य के लिए संरक्षित कर सकती है और अपनी सांस्कृतिक अस्मिता को जीवित रख सकती है।
मुफ्ती-ए-शहर की यह अपील अब राष्ट्रीय बहस का हिस्सा बन चुकी है। अगर राष्ट्रपति और पीएम हस्तक्षेप करते हैं, तो बनारस अपनी पुरानी पहचान को बचा सकता है।
यह पहल उम्मीद देती है कि Varanasi Dalmundi को न सिर्फ बचाया जाएगा, बल्कि इसे दुनिया के सामने एक जीवित Heritage Symbol के रूप में पेश किया जाएगा।
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