तहसीलदार की बदसलूकी से नाराज पेशकार ने दिया इस्तीफा | Tehsildar Abuses SDM Peon, Peshkar Resigns to DM
गोरखपुर के खजनी तहसील में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई, जिसने पूरे प्रशासनिक तंत्र को हिला दिया है। खबर के मुताबिक Tehsildar Abuses SDM Peon मामले में पेशकार (एसडीएम का सहायक) को इतनी बेइज्जती झेलनी पड़ी रही थी कि उन्होंने सीधे जिलाधिकारी (DM) को इस्तीफा सौंप दिया।
घटना की पूरी कहानी – कैसे बढ़ा विवाद?
29 जुलाई 2025 को तहसील खजनी एसडीएम के आदेश पर पेशकार सुशील कुमार श्रीवास्तव ने किसी कारणवश एक राजस्व वाद को दूसरे कोर्ट में ट्रांसफर किया।
Tehsildar Abuses SDM Peon इस पर नाराज तहसीलदार ध्रुवेश कुमार सिंह ने कार्यालय में ही पेशकार को गालियां देते हुए अपमानित किया।
पेशकार जब एसडीएम कोर्ट पहुंचे, तब भी तहसीलदार ने शब्दों से हमला जारी रखा।
अपमान से आहत होकर पेशकार ने उसी दिन डीएम को इस्तीफा सौंप दिया।
मामला क्यों गंभीर है?

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यह घटना दिखाती है कि अधिकारियों का अनुशासन और व्यवहार सुधार कितना ज़रूरी है।
पेशकार का इस्तीफा प्रशासनिक तंत्र में पारदर्शिता और जवाबदेही की नई बहस छेड़ रहा है।
कर्मचारी संगठनों ने कार्य बहिष्कार और हड़ताल की चेतावनी दी, जिससे जिले में राजस्व सेवाएं प्रभावित हो सकती हैं।
Tehsildar Abuses SDM Peon पेशकार ने साहसिक कदम उठाकर यह दिखाया कि सम्मान सबसे ऊपर है।
इस घटना ने power misuse के खिलाफ आवाज उठाने की हिम्मत को मजबूत किया।
अब प्रशासन पर दबाव बढ़ा है कि वह सख्त कार्रवाई और निष्पक्ष जांच करे।
जिले की राजस्व सेवाएं ठप पड़ने का खतरा।
सरकारी अधिकारियों की छवि पर गहरा धक्का।
तहसीलदार की चुप्पी से स्थिति और बिगड़ती दिख रही है।
Bold Step” – पेशकार का इस्तीफा एक Bold Step साबित हुआ।
“Shockwave Incident” – यह मामला प्रशासनिक हलकों में Shockwave Incident की तरह फैल गया।
“Demand for Justice” – कर्मचारी संगठनों ने Demand for Justice को लेकर मोर्चा खोल दिया है। न्याय की मांग कर रहे हैं,
Tehsildar Abuses SDM Peon घटनाक्रम की समयरेखा
तारीख घटनाक्रम
29 जुलाई 2025 तहसीलदार ने पेशकार को गालियां दीं
उसी दिन पेशकार ने डीएम को इस्तीफा सौंपा
अगले दिन कर्मचारी संगठनों ने हड़ताल की चेतावनी दी
Tehsildar Abuses SDM Peon” का यह मामला सिर्फ एक व्यक्तिगत विवाद नहीं, बल्कि सरकारी तंत्र में अनुशासन, मर्यादा और जवाबदेही की कमी का आईना है।
Tehsildar Abuses SDM Peonपेशकार का इस्तीफा एक Bold Example है कि सम्मान से समझौता नहीं किया जा सकता। अब देखना होगा कि प्रशासन पारदर्शी जांच और सख्त कार्रवाई कर इस घटना को सुधार की शुरुआत में बदल पाता है या नहीं।
Tehsildar Abuses SDM Peon एक राय मुझे न्यूज़ दिल से के पाठकों से लेनी है,आप लोग मुझे बताएं क्या कोई भी अधिकारी अपने कर्मचारियों के साथ ऐसे गलत बर्ताव कर सकता है, सरेआम भरी तहसील में उसने उस व्यक्ति को क्योंकि वह भी सरकारी कर्मचारी है,बद्दी- गालियां देना वर्गल शब्दों का इस्तेमाल करना जो की एक अधिकारी को शोभा नहीं देता है।
Tehsildar Abuses SDM Peon लेकिन उसके बाद भी तहसीलदार ने अपने पद की मर्यादा को लाकर उस कर्मचारियों को पूरी तहसील में सरेआम बेइज्जती किया है और उसका अपमान किया इसी पीड़ा से आहत आकर उस कर्मचारियों ने जिलाधिकारी को अपना त्यागपत्र सोपा इतनी तकलीफ हुई थी उस व्यक्ति को तहसीलदार द्वारा बोले गए शब्दों से वह इतना दुखी हो गया की अपनी नौकरी तक छोड़ने को तैयार होग गया था।
Tehsildar Abuses SDM Peon ऐसे गैर जिम्मेदार तहसीलदार के खिलाफ उचित कार्रवाई की मांग को लेकर के कर्मचारी डटे हुए हैं उनका कहना है कि तहसीलदार ने एक कर्मचारी को मजबूर कर दिया कि वह अपने पद से इस्तीफा दे दे और उसने जिलाधिकारी गोरखपुर को अपना इस्तीफा दे भी दिया लेकिन मुझे लगता है की तहसीलदार के खिलाफ न्यायिक जांच होनी चाहिए और दोषी पाए जाने पर उनके ऊपर उचित कार्रवाई होनी चाहिए
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